बरेली: 10 हजार रिश्वत लेते कानूनगो गिरफ्तार
बरेली: 10 हजार की घूस लेते कानूनगो रंगे हाथ गिरफ्तार; एंटी करप्शन टीम का बड़ा एक्शन
बरेली: शासन की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत बरेली में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। फरीदपुर तहसील में तैनात चकबंदी विभाग का कानूनगो कमल सुधीर शुक्ला जमीन की नाप-तौल के बदले रिश्वत लेते हुए एंटी करप्शन टीम के हत्थे चढ़ गया। टीम ने आरोपी को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है।
फतेहगंज पूर्वी रेलवे क्रॉसिंग के पास बिछाया जाल
-
गोपनीय ऑपरेशन: मंगलवार शाम करीब 5:22 बजे एंटी करप्शन टीम ने पूरी प्लानिंग के साथ फतेहगंज पूर्वी रेलवे क्रॉसिंग के पास जाल बिछाया।
-
रंगे हाथ गिरफ्तारी: जैसे ही शिकायतकर्ता ने आरोपी कानूनगो को तय रकम के 10 हजार रुपये थमाए, पहले से तैयार टीम ने घेराबंदी कर उसे मौके पर ही दबोच लिया।
जमीन की पैमाइश के बदले मांगी थी रिश्वत
-
पीड़ित की शिकायत: ग्राम खजुरिया (फतेहगंज पूर्वी) निवासी राजीव ने एंटी करप्शन संगठन में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी जमीन की नाप-तौल के लिए कानूनगो लगातार 10 हजार रुपये की मांग कर रहा है।
-
दबाव की राजनीति: कानूनगो ने साफ कह दिया था कि बिना पैसे दिए काम नहीं होगा, जिसके बाद पीड़ित ने भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने का फैसला किया।
भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज
-
कठोर कार्रवाई: गिरफ्तारी के बाद आरोपी कमल सुधीर शुक्ला के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं में कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
-
महकमे में हड़कंप: निरीक्षक जितेंद्र सिंह के नेतृत्व में हुई इस सफल कार्रवाई के बाद चकबंदी विभाग और तहसील कार्यालयों में खलबली मच गई है।
निष्कर्ष: एंटी करप्शन टीम की इस कार्रवाई ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया है कि सरकारी कार्यों में रिश्वतखोरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। टीम के अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
रिपोर्ट: रोहिताश कुमार भास्कर
गोपाल चन्द्र अग्रवाल,सीनियर एडिटर
(Allrights Magazine)

