₹50,000 के इनामी देवेन्द्र तिवारी को पकड़ा
8 साल से फरार ₹50,000 का इनामी जालसाज आगरा से गिरफ्तार
आगरा/लखनऊ: उत्तर प्रदेश एसटीएफ (STF) ने हरिद्वार के बहुचर्चित चिट फंड घोटाले में पिछले 8 वर्षों से वांछित और ₹50,000 के इनामी अपराधी देवेन्द्र प्रकाश तिवारी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है । यह गिरफ्तारी 6 मई 2026 की रात आगरा के थानाक्षेत्र डोकी स्थित नरौता अंडरपास के पास से की गई ।
चिट फंड के नाम पर हजारों से ठगी
गिरफ्तार अभियुक्त देवेन्द्र तिवारी ने पूछताछ में खुलासा किया कि उसने अपने साथियों के साथ मिलकर निवेश के नाम पर एक बड़ा जाल बिछाया था:
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धोखाधड़ी का नेटवर्क: वर्ष 2010-11 में ‘धेनू ग्रीन गार्डन मार्केटिंग’ और बाद में ‘धेनू ग्रीन इण्डिया’ नाम की कंपनियां बनाई गईं, जिनमें देवेन्द्र डायरेक्टर था ।
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लालच देकर निवेश: इन कंपनियों के माध्यम से हजारों लोगों को भारी लाभ का लालच देकर निवेश कराया गया और उनके साथ करोड़ों की धोखाधड़ी की गई ।
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मुकदमा और फरारी: वर्ष 2018 में हरिद्वार के ज्वालापुर कोतवाली में धोखाधड़ी और चिट फंड अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा (मु.अ.सं. 164/2018) दर्ज होने के बाद से वह फरार था
गिरफ्तारी का विवरण
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अभियुक्त की पहचान: देवेन्द्र प्रकाश तिवारी (44 वर्ष), निवासी हंसपुरम, नौवस्ता, कानपुर ।
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संयुक्त ऑपरेशन: यूपी एसटीएफ की कानपुर इकाई और उत्तराखंड एसटीएफ ने एक साझा सूचना के आधार पर आगरा में घेराबंदी कर उसे दबोचा ।
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पुलिस को चकमा: गिरफ्तारी से बचने के लिए वह लगातार ठिकाने बदल-बदल कर रह रहा था और आगरा में अपने एक मित्र से मिलने आया था ।
आगे की कार्रवाई
यूपी एसटीएफ ने अभियुक्त को आगरा के थाना डोकी में दाखिल कर दिया है । अब उत्तराखंड एसटीएफ उसे ट्रांजिट रिमांड पर लेकर अग्रिम विधिक कार्यवाही सुनिश्चित करेगी ।
गोपाल चन्द्र अग्रवाल,सीनियर एडिटर
(Allrights Magazine)

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