नीट विवाद: राज्यसभा में भारी हंगामा
मानसून सत्र का तीसरा दिन: NEET विवाद पर राज्यसभा में संग्राम, खरगे ने मांगी धर्मेंद्र प्रधान की बर्खास्तगी, नड्डा ने कसा तंज
विशेष राजनीतिक एवं संसदीय ब्यूरो: नई दिल्ली
संसद के मानसून सत्र के तीसरे दिन बुधवार को राज्यसभा की कार्यवाही NEET-UG परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों और छात्रों के विरोध प्रदर्शन के मुद्दे पर पूरी तरह से हंगामे की भेंट चढ़ गई। कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे के नेतृत्व में पूरे विपक्षी खेमे ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की मांग को लेकर सदन के भीतर और बाहर जबरदस्त विरोध-प्रदर्शन किया।
विपक्ष के लगातार बढ़ते हंगामे और नारेबाजी के चलते राज्यसभा की कार्यवाही को दोपहर 3 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा।
“धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक बहस नहीं होगी”: मल्लिकार्जुन खरगे
विपक्षी मोर्चे की अगुवाई करते हुए राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने कड़ा रुख अपनाया:
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इस्तीफे पर अड़े खरगे: खरगे ने साफ तौर पर कहा, “NEET पर निष्पक्ष चर्चा के लिए, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक सदन में कोई बहस या चर्चा नहीं होगी।”
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छात्रों पर कार्रवाई का विरोध: खरगे ने NEET-UG परीक्षा में हुई धांधली और जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई का मुद्दा प्रमुखता से उठाया।
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तानाशाही का आरोप: खरगे ने केंद्र सरकार पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस के साथ बिना बैज वाले बीजेपी-आरएसएस के लोग अप्रत्यक्ष रूप से छात्रों और नेताओं को डरा-धमका रहे हैं।
“INDI गठबंधन का व्यवहार गैर-जिम्मेदाराना”: जेपी नड्डा का पलटवार
विपक्ष के तीखे हमलों का जवाब देते हुए सदन के नेता और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने सरकार का पक्ष रखा:
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चर्चा के लिए तैयार सरकार: जेपी नड्डा और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने स्पष्ट किया कि मोदी सरकार पूरी तरह पारदर्शी है और NEET पेपर लीक व उससे जुड़े हर मुद्दे पर संसद में चर्चा कराने के लिए तैयार है।
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लोकतांत्रिक मूल्यों का उल्लंघन: नड्डा ने विपक्ष के रवैये की कड़ी निंदा करते हुए कहा, “INDI गठबंधन का व्यवहार अत्यंत गैर-जिम्मेदाराना और अलोकतांत्रिक है! वे संसदीय मर्यादा को तार-तार कर रहे हैं और जन-विरोधी गतिविधियों में शामिल हैं।”
काले कपड़े पहनकर संसद परिसर में प्रदर्शन
सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले विपक्षी सांसदों ने संसद परिसर में काले कपड़े पहनकर सरकार के खिलाफ विरोध जताया।
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दिग्गज नेता हुए शामिल: इस प्रदर्शन में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई प्रमुख नेता शामिल हुए।
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प्रियंका गांधी का हमला: प्रियंका गांधी ने कहा कि छात्रों की मांगें पूरी तरह जायज हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “शिक्षा का बजट 1.4 लाख करोड़ रुपये है, लेकिन सरकार उद्योगपतियों के 16 लाख करोड़ के कर्ज माफ कर रही है। बार-बार पेपर लीक होना छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।”
संसदीय एवं राजनीतिक ब्यूरो: नई दिल्ली
ऑल राइट्स मैगज़ीन (डिजिटल न्यूज़ नेटवर्क)

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