व्हिसलिंग वुड्स में इनवीडियो एआई लैब
सुभाष घई की बड़ी पहल: व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल और इनवीडियो ने लॉन्च की भविष्य की एआई फिल्ममेकिंग लैब
रिपोर्ट मुंबई (अनिल बेदाग)
(मुंबई): भारतीय सिनेमा और मनोरंजन उद्योग को अत्याधुनिक तकनीक के साथ एक नए युग में ले जाने के लिए मुंबई के फिल्मसिटी परिसर से एक बहुत बड़ी और क्रांतिकारी शुरुआत हुई है। भारत के अग्रणी फिल्म, संचार और क्रिएटिव आर्ट्स संस्थान व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल (WWI) और दुनिया के मशहूर एआई वीडियो जनरेशन प्लेटफॉर्म इनवीडियो (InVideo) ने हाथ मिलाते हुए देश की पहली अत्याधुनिक ‘व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल-इनवीडियो एआई लैब’ (WWI-InVideo AI Lab) का आधिकारिक शुभारंभ किया है [cite: भारत के अग्रणी फिल्म, संचार और क्रिएटिव आर्ट्स संस्थान व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल और एआई वीडियो प्लेटफॉर्म इनवीडियो ने मिलकर अत्याधुनिक व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल-इनवीडियो एआई लैब की शुरुआत की है।]।
यह विशेष पहल सिनेमा के छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फिल्म निर्माण और डिजिटल कंटेंट क्रिएशन के सबसे आधुनिक वैश्विक उपकरणों से सीधे जोड़ेगी, ताकि वे भविष्य की बदलती डिजिटल दुनिया के लिए पूरी तरह तैयार हो सकें [cite: यह पहल छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित फिल्म निर्माण और कंटेंट क्रिएशन के नवीनतम उपकरणों से जोड़ते हुए उन्हें भविष्य के लिए तैयार करेगी।]।
एआई फिल्ममेकिंग एजेंट ‘एजेंट वन’ से लैस होगी नई लैब
इस हाई-टेक लैब के माध्यम से भावी फिल्ममेकर्स और स्क्रिप्ट राइटरों को इनवीडियो की सबसे उन्नत एआई तकनीकों का व्यावहारिक अनुभव मिलेगा:
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‘एजेंट वन’ (Agent One) का जादू: छात्रों को विशेष रूप से इनवीडियो के चर्चित एआई फिल्ममेकिंग एजेंट ‘एजेंट वन’ पर काम करने का लाइव अवसर मिलेगा, जो उनकी कल्पनाशक्ति को पल भर में स्क्रीन पर उतारने में मदद करेगा [cite: इस नई लैब के माध्यम से छात्रों को इनवीडियो की उन्नत एआई तकनीकों, विशेष रूप से उसके एआई फिल्ममेकिंग एजेंट ‘एजेंट वन ’ का उपयोग करने का अवसर मिलेगा।]।
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कहानी कहने के नए आयाम: इस टूल की मदद से युवा क्रिएटर्स अपनी पारंपरिक स्क्रिप्टिंग और विजुअलाइजेशन की कला को नई ऊंचाइयों पर ले जाकर सिनेमाई कहानी कहने (Storytelling) के बिल्कुल नए और अनोखे आयाम तलाश सकेंगे।
तकनीक रचनात्मकता की सहयोगी है, उसका विकल्प नहीं: सुभाष घई
लैब के उद्घाटन के अवसर पर व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल के संस्थापक, दिग्गज फिल्म निर्देशक व अध्यक्ष श्री सुभाष घई ने सिनेमा में मानवीय संवेदनाओं और मशीन के तालमेल पर अपना स्पष्ट विजन साझा किया:
“हम पहले दिन से ही हमेशा यह मानते रहे हैं कि तकनीक रचनात्मकता (Creativity) की सहयोगी है, उसका विकल्प कभी नहीं हो सकती। आज के दौर में सिनेमा और विजुअल आर्ट्स के छात्रों के लिए यह बेहद जरूरी है कि वे दुनिया में आ रही नई तकनीकों को तेजी से अपनाएं, लेकिन साथ ही अपनी मौलिक कल्पना, इंसानी भावनाओं और विचारों की मौलिकता को और अधिक मजबूत बनाएं।” [cite: व्हिसलिंग वुड्स इंटरनेशनल के संस्थापक एवं अध्यक्ष सुभाष घई ने कहा, “हम हमेशा मानते रहे हैं कि तकनीक रचनात्मकता की सहयोगी है, उसका विकल्प नहीं। छात्रों के लिए यह जरूरी है कि वे नई तकनीकों को अपनाते हुए अपनी कल्पना, भावनाओं और मौलिकता को और मजबूत बनाएं।”]
— श्री सुभाष घई, संस्थापक व अध्यक्ष (WWI)
मानवीय क्रिएटिविटी और एआई का अनूठा संतुलन
इनवीडियो एआई के संस्थापक और सीईओ संकेत शाह ने भी इस विजन को आगे बढ़ाते हुए कहा कि एआई वर्तमान और भविष्य के निर्देशकों-फिल्ममेकर्स के लिए एक शक्तिशाली और क्रांतिकारी नया उपकरण साबित होने वाला है [cite: वहीं इनवीडियो एआई के संस्थापक और सीईओ संकेत शाह ने कहा, “एआई फिल्ममेकर्स के लिए एक शक्तिशाली नया उपकरण है।]। उन्होंने विश्वास जताया कि यह ऐतिहासिक लैब अगली पीढ़ी के कहानीकारों को आधुनिक तकनीकी संभावनाओं के साथ-साथ पारंपरिक रचनात्मक मूल्यों (Traditional Creative Values) के बीच एक आदर्श और सटीक संतुलन सिखाएगी।
फिल्म और टेक जगत के विशेषज्ञों का भी मानना है कि आने वाले समय में मनोरंजन उद्योग के सबसे सफल और बड़े क्रिएटर्स वही साबित होंगे, जो मानवीय रचनात्मकता (Human Creativity) और एआई तकनीक के बीच सही और सटीक तालमेल स्थापित करने की कला में माहिर होंगे [cite: यह साझेदारी इस विश्वास को मजबूत करती है कि भविष्य के सफल क्रिएटर्स वही होंगे जो मानवीय रचनात्मकता और एआई तकनीक के बीच सही तालमेल स्थापित कर सकेंगे।]।
(गोपाल चन्द्र अग्रवाल,संपादक)
एडिटर (Allrights Magazine)

लक्ष्मी नगर सुभाष चौक पर नाली जाम!
