बरेली: साइबर ठगों ने उड़ाए 1.52 लाख

बरेली: साइबर ठगों ने चंद मिनटों में उड़ाए 1.52 लाख; दो बैंक खातों पर बोला डिजिटल डाका


(बरेली): साइबर अपराध अब एक “डिजिटल महामारी” का रूप लेता जा रहा है। बरेली के बिथरी चैनपुर थाना क्षेत्र में साइबर ठगों ने जागरूकता के तमाम दावों की पोल खोलते हुए एक व्यक्ति के दो अलग-अलग बैंक खातों को पलक झपकते ही खाली कर दिया।


कैसे हुई वारदात?

बिथरी चैनपुर निवासी मुस्तफा के साथ हुई इस ठगी की कहानी किसी डरावने सपने जैसी है:

  • पहला हमला: 9 मई की शाम मुस्तफा के मोबाइल पर अचानक एक मैसेज आया, जिसमें स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) खाते से 99,000 रुपये कटने की जानकारी थी।

  • दूसरा हमला: मुस्तफा अभी पहले मैसेज को देखकर संभल भी नहीं पाए थे कि कुछ ही मिनटों के भीतर उनके ग्रामीण बैंक खाते पर भी हमला हुआ और वहां से भी 53,500 रुपये निकाल लिए गए।

  • कुल नुकसान: ठगों ने बेहद शातिराना तरीके से कुल 1.52 लाख रुपये पार कर दिए। मोबाइल पर लगातार आते ट्रांजैक्शन अलर्ट्स ने पीड़ित के होश उड़ा दिए।

हवा-हवाई साबित हो रहे जागरूकता के दावे

पुलिस और प्रशासन द्वारा लगातार साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन यह घटना दर्शाती है कि अपराधी तकनीक के मामले में एक कदम आगे चल रहे हैं। ठगों ने जिस तरह से एक साथ दो अलग-अलग बैंकों के खातों को निशाना बनाया, उससे सुरक्षा प्रणालियों पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

पीड़ित की गुहार

घटना के बाद पीड़ित मुस्तफा ने बिथरी चैनपुर थाने में मामले की शिकायत की है। पुलिस ने साइबर सेल की मदद से मामले की जांच शुरू कर दी है। ट्रांजैक्शन ट्रेल (पैसा कहाँ गया) को ट्रैक करने की कोशिश की जा रही है ताकि ठगों तक पहुँचा जा सके।


सुरक्षित रहने के लिए क्या करें? (सावधानी बरतें)

  • अनजान लिंक पर क्लिक न करें: मोबाइल पर आने वाले किसी भी संदिग्ध लिंक या ‘रिवॉर्ड’ के लालच वाले मैसेज को तुरंत डिलीट करें।

  • OTP साझा न करें: बैंक अधिकारी बनकर कॉल करने वाले किसी भी व्यक्ति को अपना ओटीपी (OTP), पिन या पासवर्ड न बताएं।

  • तत्काल रिपोर्ट करें: यदि आपके साथ कोई धोखाधड़ी होती है, तो तुरंत 1930 (साइबर हेल्पलाइन) पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।



रोहिताश कुमार भास्कर

गोपाल चन्द्र अग्रवाल,सीनियर एडिटर

  (Allrights Magazine


अभिवादन न करना सिपाही को पड़ा भारी!

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