PNB से ₹105 Cr फ्रॉड: CBI की 10 जगह रेड
पंजाब नेशनल बैंक से ₹105.44 करोड़ की धोखाधड़ी: CBI ने NCS शुगर्स लिमिटेड और उसके निदेशकों के खिलाफ दर्ज किया केस; हैदराबाद और आंध्र प्रदेश में 10 ठिकानों पर छापेमारी
विशेष राष्ट्रीय एवं अपराध ब्यूरो: बेंगलुरु / हैदराबाद
केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के साथ ₹105.44 करोड़ रुपये की बैंक धोखाधड़ी, जालसाजी और फंड्स की हेराफेरी के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। सीबीआई की ‘BSFB’ शाखा (बेंगलुरु) ने M/s NCS शुगर्स लिमिटेड (M/s NCS Sugars Ltd.), कंपनी के निदेशकों और अज्ञात लोक सेवकों के खिलाफ आपराधिक षड्यंत्र, धोखाधड़ी, अमानत में खयानत और फर्जीवाड़ा करने का मामला दर्ज किया है।
मामला दर्ज करने के बाद, सीबीआई की टीमों ने 31 जुलाई 2026 को तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के 10 ठिकानों (हैदराबाद, विजयनगरम और काकीनाडा) पर एक साथ समन्वित तलाशी अभियान (छापेमारी) चलाया।
फर्जी कागजात दिखाकर लिया लोन, फिर कर दी पैसों की हेराफेरी
पीएनबी बैंक (चेन्नई) द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर सीबीआई जांच में फर्जीवाड़े का पूरा तरीका सामने आया है:
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फर्जी दस्तावेज पेश किए: आरोपी कंपनी और उसके निदेशकों ने क्रेडिट सुविधाएं (Loan Facilities) हासिल करने के लिए बैंक के समक्ष फर्जी और जाली कागजात असली बताकर जमा कराए।
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फंड्स का डाइवर्जन: बैंक से लोन की रकम मंजूर कराने के बाद, पैसों का इस्तेमाल जिस कारोबारी उद्देश्य के लिए होना था, उसमें न करके राशि को निजी और अन्य मदों में ट्रांसफर (Misappropriated) कर लिया गया।
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बैंक को भारी नुकसान: आरोपी लोन की किस्तों को चुकाने में विफल रहे, जिससे खाता डिफॉल्ट हो गया और पंजाब नेशनल बैंक को ₹105.44 करोड़ रुपये का भारी वित्तीय नुकसान हुआ।
फैक्ट्रियों, दफ्तरों और निदेशकों के आवासों पर सीबीआई का छापा
सीबीआई ने हैदराबाद, विजयनगरम और काकीनाडा में स्थित NCS शुगर्स लिमिटेड की फैक्ट्रियों, पंजीकृत कार्यालयों और निदेशकों के आवासीय परिसरों को अपनी तलाशी के दायरे में लिया।
छापेमारी के दौरान सीबीआई ने कई आपत्तिजनक दस्तावेज, वित्तीय लेन-देन के रिकॉर्ड और डिजिटल सबूत (Digital Evidence) बरामद कर जब्त कर लिए हैं। जांच एजेंसियां अब जब्त किए गए डेटा और दस्तावेजों का गहन विश्लेषण कर रही हैं ताकि धोखाधड़ी की पूरी साजिश, पैसों के ट्रांसफर के रूट और इसमें शामिल बैंक अधिकारियों व अन्य व्यक्तियों की भूमिका को उजागर किया जा सके।
मामले में सीबीआई की आगे की जांच जारी है।
राष्ट्रीय ब्यूरो: हैदराबाद / नई दिल्ली
सीनियर एडिटर गोपाल चन्द्र अग्रवाल,
रिपोर्ट: विशेष जांच एवं क्राइम ब्यूरो, ऑल राइट्स मैगजीन, , दिल्ली

