UPSTF : नषीली दवाओं की तस्करी करने वाले संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड सहित 03 अभियुक्त लखनऊ से गिरफ्तार।

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स्पेशल टास्क फोर्स, उत्तर प्रदेश, लखनऊ। प्रेस नोट संख्याः 17, दिनांक 14-01-2023

Dark web, skype  के माध्यम से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबन्धित/नषीली दवाओं की तस्करी करने वाले संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड सहित 03 अभियुक्त लखनऊ से गिरफ्तार।

दिनांकः 13-01-2023 को एस0टी0एफ0, उत्तर प्रदेश को Dark web, skype के माध्यम से कालसेंटर मालिकों/एजेंटों से सम्पर्क कर, भारत से युनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका में प्रतिबन्धित/नषीली दवाओं की तस्करी कर बिटक्वाइन/पेमेंटगेटवे/हवाला के माध्यम से पेमेंट प्राप्त करने वाले संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड सहित 03 अभियुक्तों को लखनऊ से गिरफ्तार करने में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई।

गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरणः– 1- यासिर जमील खान उर्फ फैजी, पुत्र जमील खान, निवासी दुर्गापुरी कालोनी, निलमथा, बाजार थाना कैन्ट जनपद लखनऊ (मास्टरमाइंड)। 2- हमजा पुत्र अदील अहमद निवासी 424/86 महबूबगंज, थाना सहादतगंज, लखनऊ। 3- इनामुल-हक उर्फ इनाम पुत्र अमानुल-हक निवासी 424/123 महबूबगंज थाना सहादतगंज, लखनऊ।

बरामदगी– 1- 2,22,580 टेबलेट्स ट्रामाडोल हाइड्रोक्लोराइड। 2- 17,080 टेबलेट्स लाईपिन-10 जोल्पीडेम।  3- 6,57 लाख रूपये नकद। 4- 10 अदद मोबाइल। 5- 02 अदद लैपटॉप। 6- 01 अदद प्रिन्टर। 7- 08 अदद एटीएम कार्ड (विभिन्न बैंकों के)। 7- पैंकिग उपकरण (कूटरचित रैपर, प्लास्टिक के डिब्बे, डायर मषीन, कागज के गत्ते हर्बल लाइफ प्रोडेक्ट की प्रिंटेड पालीथीन आदि) भारी मात्रा में। 8- युनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका के लोगों को भेजी गयी प्रतिबंधित दवाओं का डाटा लगभग 45 हजार।

गिरफ्तारी का दिनांक, स्थान व समयः– दिनांकः 13-01-2023 स्थानः दुर्गापुरी कालोनी, नीलमथा लखनऊ समयः 16ः30 बजे।

एस0टी0एफ0, उत्तर प्रदेश को विगत काफी समय से Dark web, skype के माध्यम से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबन्धित/नषीली दवाओं की तस्करी करने वाले संगठित गिरोहों के सक्रिय होने की सचूनाएं प्राप्त हो रही थी। इस सम्बन्ध में एसटीएफ उ0प्र0 की विभिन्न टीमांे/इकाईयों को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया था। जिसके क्रम में श्री विशाल विक्रम सिंह प्रभारी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एस0टी0एफ0, उ0प्र0 के पर्यवेक्षण मे एस0टी0एफ0 मुख्यालय स्थित टीम द्वारा निरीक्षक श्री षिवनेत्र सिंह के नेतृत्व में अभिसूचना संकलन की कार्यवाही प्रारम्भ की गयी तथा अभिसचूना तन्त्र को सक्रिय किया गया।

अभिसूचना संकलन के दौरान ज्ञात हुआ कि यासिर जमील खान द्वारा Dark web, skype से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबन्धित/नषीली दवाओं की तस्करी करने वाले एजेंटों से सम्पर्क कर, बिटक्वाइन/पेमेंटगेटवे/हवाला के माध्यम से पेमेंट प्राप्त कर, युनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका में भारत से प्रतिबन्धित/नषीली दवाओं की तस्करी की जा रही है।

एसटीएफ टीम द्वारा उपरोक्त प्रकरण पर तकनीकी एवं मुखबिर के माध्यम से सूचना संकलित करते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के सहायक आयुक्त (औषधि) लखनऊ मण्डल श्री बृजेश कुमार व उनकी टीम से समन्वय स्थापित करते हुए दिनांक 13-01-2023 को उपरोक्त संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड सहित उपरोक्त अभियुक्तों को दुर्गापुरी कालोनी नीलमथा लखनऊ से समय लगभग 16ः30 बजे। गिरफ्तार किया गया, जिनसे उपरोक्त बरामदगी हुई।

पूछताछ मे गिरोह के मास्टरमाइंड यासिर ने बताया कि हमजा एवं इमामुल-हक उर्फ इनाम से मेरी दोस्ती 2021 मे हुयी। यह लोग प्रतिबन्धित दवाओ ट्रामाडोल व लाइपिन-10 की यू0एस0ए0 मे Dark web, skype के माध्यम से तस्करी करते हैं। इन लोगो ने मुझे बताया कि उपरोक्त दवाओ का एक पत्ता भारत में 30-40 रुपये मे मिलता है जिसमे 10 गोली होती है जिसे युनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका में अगर आप हमारे दिये हुये पते पर पहुँचा देंगे तो आपको प्रत्येक पत्ते का 600 से 700 रुपये हम लोग देंगें। इसके बाद मै हमजा व इनाम  के द्वारा दिये गये पते पर आर्डर के अनुसार सिपमैक्स कोरियर कम्पनी के माध्यम से कोरियर कर उपरोक्त दवाएं भेजने लगा उपरोक्त प्रतिबन्धित नशीली दवाएं मै लखनऊ के विभिन्न तस्करों से खरीदता था।

हमजा व इनाम के अतिरिक्त डार्कवेब के माध्यम से मै कई लोगों से जुड गया। इन लोगो द्वारा भी मुझे सैंकडो बार आर्डर किये गये जिनको मैने सप्लाई किया है । मैने युनाइटेड स्टेट आफ अमेरिका में लगभग 150 बार से अधिक उपरोक्त दवाओं की तस्करी की है। उपरोक्त दवाओं के पत्तों पर मै कूटरचित प्लास्टिक का रैपर लगवाता हूॅं जिस पर Herbal Villa Immunity Booster] Unique MiÛture of 14 Herbs & Ayurvedic Medicines] ENHANCES BODY Immunity General Tonic अंकित रहता है। यह रैपर मैं खुद ही तैयार कराता हंू। हम लोग हर्बल प्रोडेक्ट के कूटरचित रैपर इस लिए लगाते हैं कि हर्बल दवाओं का कोई लाइसेंस नही होता है। जिससे ये दवायें चेकिंग के समय पकडी न जायें । इन लोगो द्वारा मुझे पेमेन्ट कैश,

गोपाल चंद्र अग्रवाल संपादक आल राइट्स मैगज़ीन

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