केतन के पिता का सिया पर फूटा गुस्सा
‘शव देखकर सिया के चेहरे पर नहीं थी कोई शिकन’, केतन अग्रवाल के पिता का फूटा गुस्सा; बताया कैसे हुआ हत्या का शक
पुणे (महाराष्ट्र):
पुणे के पिंपरी-चिंचवड़ के प्रसिद्ध रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल की लोहगढ़ किले (Lohagad Fort) की खाई में गिरकर हुई मौत के मामले ने अब बेहद संवेदनशील रूप ले लिया है। पुलिस जांच में यह साफ हो चुका है कि यह कोई हादसा नहीं, बल्कि एक सोची-समझी खौफनाक हत्या थी, जिसे केतन की मंगेतर सिया गोयल ने अपने प्रेमी चेतन चौधरी के साथ मिलकर अंजाम दिया था। इस खुलासे के बाद मृतक केतन अग्रवाल के पिता विशाल अग्रवाल का दर्द और गुस्सा मीडिया के सामने फूटा है।
😡 “शादी नहीं करनी थी तो मना कर देती, मार क्यों डाला?”
केतन के पिता ने रोते हुए अपनी मंगेतर सिया की क्रूर मानसिकता पर बड़े सवाल खड़े किए हैं:
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निर्मम व्यवहार: पिता ने बताया कि जब केतन का शव खाई से बाहर निकाला गया, तब वहां मौजूद सिया के चेहरे पर अपने होने वाले पति को खोने का न तो कोई दुख था और न ही कोई शिकन। उसका यही अजीब और सामान्य व्यवहार सबसे पहले शक की वजह बना।
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शादी रोकने का था विकल्प: केतन के पिता ने कहा, “अगर वह हमारे बेटे से शादी नहीं करना चाहती थी, तो सीधे मना कर देती। हम तुरंत शादी रोक देते। आगामी नवंबर में होने वाली ₹17 करोड़ की इस भव्य शादी के लिए उदयपुर में महल तक बुक हो चुका था, लेकिन अपने स्वार्थ और प्रेमी के चक्कर में किसी के 26 साल के इकलौते बेटे को इस तरह बेरहमी से मार देना, यह कैसी क्रूर मानसिकता है?”
🕵️ पुलिस जांच में कबूला जुर्म, साजिश का हुआ पर्दाफाश
लोनावला रूरल पुलिस की कड़ी पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के सामने आखिरकार सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने घुटने टेक दिए और अपना गुनाह कबूल कर लिया है:
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बर्थडे के बहाने जाल में फंसाया: सिया योजना के तहत केतन को अपने जन्मदिन के बहाने लोहगढ़ किले की सुनसान पहाड़ी पर ले गई थी, जहाँ उसका प्रेमी चेतन पहले से घात लगाए बैठा था। दोनों ने मौका पाकर केतन को 400 फीट गहरी खाई में धक्का दे दिया था।
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पहले भी की थी कोशिशें: पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि सिया ने इससे पहले 14 जून को भी केतन को इसी पहाड़ी से धक्का देने की कोशिश की थी, लेकिन तब केतन ने झाड़ियों को पकड़कर अपनी जान बचा ली थी।
केतन के पिता और पूरे परिवार ने अब प्रशासन से मांग की है कि दोनों आरोपियों को उनके इस क्रूर और जघन्य अपराध के लिए अदालत से जल्द से जल्द फांसी की सजा दिलाई जाए।
रिपोर्ट: नरेश अग्रवाल,पटना
(गोपाल चन्द्र अग्रवाल,संपादक)
एडिटर (Allrights Magazine)

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