CJI से जांच की मांग: CRPF-BSF केस पर विवाद
नई दिल्ली: भारत के मुख्य न्यायाधीश CJI सूर्यकांत के एक आदेश को लेकर सुप्रीम कोर्ट के सीनियर एडवोकेट दुष्यंत दवे ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने द वायर और लाइव लॉ में इसे लेकर एक लेख भी लिखा है। उन्होंने लिखा-‘CJI ने कथित तौर पर 29 सितंबर को एक प्रशासनिक आदेश जारी किया। इस आदेश के तहत उन्होंने जस्टिस मनोज मिश्रा और जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की एक स्पेशल बेंच बनाई, ताकि 30 सितंबर को CA 13106/2024 में अवमानना याचिका Contempt Petition 37/2026 पर सुनवाई हो सके।’
उन्होंने आगे लिखा कि ऐसा करके, CJI ने सीधे तौर पर जस्टिस भुइयां और जस्टिस चंदुरकर की बेंच द्वारा 29 सितंबर को ही दिए गए एक न्यायिक आदेश में दखल दिया है। यह मामला सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्सेज CAPFs में 46 इंडियन पुलिस सर्विस IPS अधिकारियों की डेप्युटेशन प्रतिनियुक्ति से जुड़ा था। सीनियर एडवोकेट प्रशांत भूषण ने दवे के लेख को सोशल मीडिया एक्स पर शेयर भी किया है।
