रक्षा तकनीक की ताकत अब शेयर बाजार में, 15 अक्टूबर को खुलेगा टोनबो इमेजिंग का आईपीओ
रक्षा तकनीक की ताकत अब शेयर बाजार में, 15 अक्टूबर को खुलेगा टोनबो इमेजिंग का आईपीओ
थर्मल इमेजिंग से मिसाइल सीकर तक, टोनबो इमेजिंग निवेशकों के दरबार में
28,000 से अधिक रक्षा प्रणालियों की तैनाती, अब आईपीओ के जरिए बाजार में उतरेगी टोनबो इमेजिंग
मुंबई (अनिल बेदाग) : रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र की कंपनी टोंबो इमेजिंग इंडिया लिमिटेड का आरंभिक सार्वजनिक इश्यू (आईपीओ) गुरुवार, 15 अक्टूबर 2026 को खुलेगा। कंपनी ने इसके लिए प्रति इक्विटी शेयर 665 से 700 रुपये का मूल्य दायरा तय किया है। एंकर निवेशक 14 अक्टूबर को बोली लगा सकेंगे, जबकि आईपीओ सोमवार, 19 अक्टूबर को बंद होगा।
निवेशक न्यूनतम 21 इक्विटी शेयरों के लिए बोली लगा सकेंगे। इसके बाद 21 शेयरों के गुणक में बोली लगाई जा सकेगी। प्रत्येक शेयर का अंकित मूल्य दो रुपये है। इस आईपीओ में पूरी तरह बिक्री पेशकश (ओएफएस) शामिल है। इसके तहत दो रुपये अंकित मूल्य वाले 1,21,74,046 इक्विटी शेयरों तक की बिक्री की जाएगी। यानी इस इश्यू के माध्यम से मौजूदा शेयरधारक अपने शेयर बेचेंगे।

बेंगलुरु स्थित टोंबो इमेजिंग इंडिया एक वैश्विक रक्षा इलेक्ट्रॉनिक्स मूल उपकरण निर्माता (ओईएम) है। कंपनी निगरानी, टोही, लक्ष्य निर्धारण और नियंत्रण के लिए सेंसर, प्रोसेसिंग, संचार और मार्गदर्शन प्रणालियों का डिजाइन, विकास और विनिर्माण करती है। इसके उत्पादों में थर्मल इमेजिंग कोर, हथियारों में इस्तेमाल होने वाली दृष्टि प्रणालियां, हाथ में पकड़े जाने वाले थर्मल इमेजिंग दूरबीन, लक्ष्य निर्धारण प्रणालियां, मिसाइल सीकर और फायर कंट्रोल सिस्टम शामिल हैं। कंपनी ये उत्पाद टैक्टिकल सिस्टम्स और प्लेटफॉर्म सिस्टम्स श्रेणियों के तहत उपलब्ध कराती है। इसके अलावा, कंपनी ड्रोन के झुंड का मुकाबला करने के लिए निर्देशित ऊर्जा प्रणालियां भी विकसित कर रही है। 30 जून 2026 तक कंपनी 24 देशों में 28,000 से अधिक प्रणालियां तैनात कर चुकी थी।
कंपनी का नेतृत्व इसके प्रवर्तक अरविंद कोंडांगी लक्ष्मीकुमार, प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, अंकित कुमार और सेसिलिया डिसूजा कर रहे हैं। कंपनी अपने उत्पादों का डिजाइन और विकास भारत में करती है। इससे उसके इलेक्ट्रो-ऑप्टिक्स और इन्फ्रारेड उत्पाद पोर्टफोलियो को अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय शस्त्र व्यापार विनियम (आईटीएआर) के प्रतिबंधों से मुक्त रखने में मदद मिलती है। वित्त वर्ष 2024 से कंपनी अपने उत्पादों में इस्तेमाल होने वाली बौद्धिक संपदा का 100 प्रतिशत स्वामित्व रखती है।
कंपनी कम परिसंपत्तियों वाले कारोबारी मॉडल पर काम करती है। इसके तहत डिजाइन, प्रोटोटाइप निर्माण और परीक्षण बेंगलुरु स्थित अनुसंधान एवं विकास केंद्र में किए जाते हैं, जबकि बड़े पैमाने पर विनिर्माण का काम प्रमाणित इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण साझेदारों को सौंपा जाता है। कंपनी के इक्विटी शेयर बीएसई लिमिटेड और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड में सूचीबद्ध किए जाने का प्रस्ताव है। इस इश्यू के बुक रनिंग लीड मैनेजर जेएम फाइनेंशियल लिमिटेड और आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज लिमिटेड हैं।
