PWD: कोहरे में सड़क सुरक्षा की एडवाइजरी!
कोहरे का कहर: PWD ने जारी की नई ट्रैफिक एडवाइजरी, सड़कों पर सुरक्षा बढ़ाने के सख्त निर्देश
नई दिल्ली/लखनऊ: सर्दियों के मौसम में बढ़ते कोहरे और कम दृश्यता (Low Visibility) को देखते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD) अलर्ट मोड पर आ गया है। विभाग ने सड़क हादसों को रोकने और यातायात को सुरक्षित बनाने के लिए विस्तृत एडवाइजरी जारी की है।
सड़कों पर विजिबिलिटी बढ़ाने के लिए ‘रिफ्लेक्टर’ का सहारा
विभाग के अपर महानिदेशक प्रदीप गुप्ता द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, कोहरे के दौरान वाहन चालकों की सुविधा के लिए सड़कों पर मिट रही लेन मार्किंग और ज़ेबरा क्रॉसिंग को तुरंत फिर से पेंट करने के आदेश दिए गए हैं। सड़कों के किनारों और पुलियों पर खराब हो चुकी मार्किंग को बदला जाएगा ताकि रात के समय सड़क की चौड़ाई का स्पष्ट अंदाजा मिल सके।
हादसों को रोकने के लिए प्रमुख सुरक्षा उपाय:
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रिफ्लेक्टिव मार्किंग: रिहायशी और दुर्घटना संभावित (Black Spots) इलाकों में रिफ्लेक्टिंग मार्किंग अनिवार्य की गई है।
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बैरियर और स्टिकर: सड़क के बैरियर पर रिफ्लेक्टिव मार्कर और पीले स्टिकर लगाए जाएंगे ताकि वे दूर से चमक सकें।
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स्ट्रीट लाइट: खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को युद्धस्तर पर ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं।
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सड़क के मोड़: मोड़ों पर विशेष रूप से रिफ्लेक्टर लगाए जाएंगे जिससे मोड़ का समय रहते पता चल सके।
निर्माण स्थलों पर ‘सोलर ब्लिंकर’ और सेफ्टी जैकेट अनिवार्य
जहाँ भी सड़कों पर निर्माण कार्य चल रहा है, वहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने को कहा गया है:
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डाइवर्जन वाली जगहों को बैरिकेडिंग, साइनेज, स्टड और सोलर ब्लिंकर से कवर किया जाएगा।
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निर्माण स्थल पर मौजूद सुपरवाइज़र और श्रमिकों के लिए रिफ्लेक्टिव जैकेट पहनना अनिवार्य कर दिया गया है।
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वाहन चालकों को भ्रम से बचाने के लिए डाइवर्जन की स्पष्ट जानकारी बोर्ड के माध्यम से दी जाएगी।
पीडब्ल्यूडी का लक्ष्य है कि कोहरे के इस मौसम में सड़कों पर ‘जीरो एक्सीडेंट’ की स्थिति सुनिश्चित की जा सके।
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