प्रयागराज से 1 करोड़ की नशीली कफ सिरप जब्त, 3 गिरफ्तार

“प्रयागराज में STF का बड़ा क्रैकडाउन: 1 करोड़ की अवैध कोडीन कफ सिरप व नशीली गोलियों के साथ अंतरराज्यीय गिरोह के 3 तस्कर गिरफ्तार”

प्रयागराज (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश विशेष कार्य बल (STF) की फील्ड इकाई प्रयागराज ने अंतरराज्यीय स्तर पर प्रतिबंधित नशीली दवाओं और कोडीन कफ सिरप की तस्करी करने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। एसटीएफ ने प्रयागराज के एयरपोर्ट थाना क्षेत्र से गिरोह के 3 सक्रिय सदस्यों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर उनके पास से ₹1 करोड़ अनुमानित कीमत की 19,338 शीशी अवैध ONEREX कोडीन कफ सिरप और 61,600 जेनेरिक नशीली टैबलेट्स बरामद की हैं।

इसके अलावा तस्करी में इस्तेमाल की जा रही टाटा नेक्सॉन कार (UP 70 GS 8425), बैच नंबर मिटाने के लिए प्रयुक्त 2 डाई ग्राइंडर टूल किट, 95 खाली बोरियां और 3 मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं।

गिरफ्तार अभियुक्तों का विवरण

मौके से गिरफ्तार किए गए तीनों अभियुक्तों की पहचान इस प्रकार हुई है:

  1. आशुतोष तिवारी उर्फ प्रवेश तिवारी: पुत्र रवींद्र नाथ तिवारी (मूल निवासी: ग्राम मैना पडाईन का पूरा, बीकापुर, अयोध्या; हाल निवासी: सुलेम सराय, धूमनगंज, प्रयागराज)।

  2. अंकेश कुमार: पुत्र सत्यनारायण प्रजापति (निवासी: जयरामपुर सूबेदारगंज, धूमनगंज, प्रयागराज)।

  3. अमित प्रजापति: पुत्र सत्यनारायण प्रजापति (निवासी: जयरामपुर सूबेदारगंज, धूमनगंज, प्रयागराज)।

फर्जी फर्म, ग्राइंडर से बैच नंबर मिटाना और तस्करी का ‘मॉडस ऑपरेंडी’

एसटीएफ की कड़ी पूछताछ में तस्करों ने गिरोह के काले कारोबार का पूरा राज खोला:

  • दिल्ली से फर्जी बिलिंग: गिरोह के अन्य सदस्य जतिन मिश्रा उर्फ शिवम मिश्रा (निवासी भीरपुर, करछना, प्रयागराज) ने दिल्ली के मंगोलपुरी में ‘Novotrix Lifesciences’ नाम से एक फर्जी फर्म बना रखी है। दिल्ली, हरियाणा और हिमाचल प्रदेश (बद्दी) से ट्रांसपोर्ट के जरिए प्रयागराज व वाराणसी की फर्मों के नाम पर फर्जी बिल्टी बनाकर यह माल मंगवाया जाता था।

  • किराए के मकान में डंपिंग: इस अवैध खेप को भारत गैस के पास कटहुला गौसपुर स्थित विवेक श्रीवास्तव के किराए के मकान में छिपाकर (डंप) रखा जाता था।

  • ग्राइंडर से मिटाते थे पहचान: सप्लायर और निर्माण कंपनी की पहचान छुपाने के लिए अभियुक्त डाई ग्राइंडर (Die Grinder) की मदद से कफ सिरप की शीशी पर लिखा बैच नंबर मिटा देते थे।

  • लोकल मार्केट से लेकर राज्यों में सप्लाई: बैच नंबर मिटाने के बाद इसे बोरियों में भरकर कार के जरिए लीडर रोड प्रयागराज के थोक व्यवसायियों (शनि जायसवाल व आशु जायसवाल) के साथ-साथ यूपी, बिहार, झारखंड और मध्य प्रदेश के स्थानीय बाजारों में ऊंचे दामों पर सप्लाई किया जाता था।

संयुक्त छापेमारी व कानूनी कार्रवाई

डीएसपी शैलेश प्रताप सिंह के पर्यवेक्षण व निरीक्षक जय प्रकाश राय के नेतृत्व में एसटीएफ टीम ने एसीपी धूमनगंज रवि कुमार गुप्ता तथा प्रयागराज, फतेहपुर और कौशाम्बी के औषधि निरीक्षकों (Drug Inspectors) को साथ लेकर 27 सितंबर 2026 की देर रात (23:00 बजे) कटहुला गौसपुर में छापेमारी कर यह सफलता हासिल की।

गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ थाना एयरपोर्ट, कमिश्नरेट प्रयागराज में मु०अ०सं० 150/2026, धारा 8/21/22 NDPS एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कराकर अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

‘ऑल राइट्स मैगजीन’ युवाओं की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले नशीले कारोबार के खिलाफ यूपी एसटीएफ की इस बड़ी और ऐतिहासिक सफलता की सराहना करती है।

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