लक्ष्मी नगर: बारिश में नालियां बनीं गलियां
दिल्ली-NCR में झमाझम बारिश के साथ ही खुला ‘जलभराव’ का दर्द; लक्ष्मी नगर के स्थानीय लोगों में आक्रोश
लक्ष्मी नगर (ईस्ट दिल्ली): दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से हो रही झमाझम मानसूनी बारिश ने जहां एक तरफ चिलचिलाती गर्मी और उमस से आम जनता को बड़ी राहत दी है, वहीं दूसरी तरफ इस पहली ही तेज बारिश ने दिल्ली नगर निगम (MCD) और स्थानीय प्रशासनिक दावों की पूरी पोल खोल कर रख दी है। पूर्वी दिल्ली के प्रमुख व्यापारिक और रिहायशी केंद्र लक्ष्मी नगर (जैसे सुभाष चौक व मुख्य बाजार क्षेत्र) की गलियों और सड़कों पर जबरदस्त जलभराव (Waterlogging) देखने को मिल रहा है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि थोड़ी सी भी तेज बारिश होते ही लक्ष्मी नगर की मुख्य सड़कें और अंदरूनी गलियां तालाब और खुले नालों में तब्दील हो जाती हैं। जलभराव के कारण पैदल चलने वालों से लेकर दोपहिया और चार पहिया वाहनों की रफ्तार पर पूरी तरह ब्रेक लग गया है।
“चार इंजन” होने के बाद भी बुनियादी ढांचा पूरी तरह फेल!
सड़कों पर घुटनों तक भरे पानी और ड्रेनेज सिस्टम के चोक होने से नाराज स्थानीय निवासियों और व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। सोशल मीडिया से लेकर जमीन तक लोग सिविक एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल उठा रहे हैं:
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राजनीतिक खींचतान और जनता परेशान: स्थानीय लोगों का साफ कहना है कि दिल्ली में अलग-अलग स्तरों पर बैठी सरकारों (चाहे केंद्र सरकार हो, दिल्ली सरकार हो, या एमसीडी) के “बहु-इंजन” दावों के बावजूद धरातल पर कोई ठोस काम नहीं दिख रहा है।
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नालियों में बदलीं गलियां: जलभराव की इस गंभीर समस्या पर तंज कसते हुए नागरिकों ने कहा, “चार-चार इंजन होने के बाद भी प्रशासनिक अमले से कुछ नहीं हो पा रहा है। ज़रा सी बारिश होती नहीं कि लक्ष्मी नगर की गलियां नालियों जैसी दिखने लगती हैं।”
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व्यापार पर बुरा असर: लक्ष्मी नगर और मौर्य कॉम्प्लेक्स के आसपास के दुकानदारों का कहना है कि जलभराव के चलते उनके प्रतिष्ठानों में पानी घुसने का खतरा तो रहता ही है, साथ ही ग्राहक न आने से उनका व्यापार भी पूरी तरह ठप हो जाता है।
मौसम विभाग का अलर्ट: अगले कुछ दिन और रह सकती है आफत
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पहले ही दिल्ली-एनसीआर के लिए आंधी, बिजली चमकने और तीव्र मानसूनी बारिश का अलर्ट जारी किया हुआ है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, बारिश का यह सिलसिला आगामी दो से तीन दिनों तक रुक-रुक कर जारी रहने वाला है।
ऐसे में यदि दिल्ली नगर निगम और लोक निर्माण विभाग (PWD) ने तत्काल प्रभाव से बड़े नालों और सीवरेज की सफाई नहीं कराई, तो आने वाले दिनों में लक्ष्मी नगर सहित पूरी दिल्ली की जनता को और भी भयानक ट्रैफिक जाम और जलभराव की समस्या से जूझना पड़ सकता है। स्थानीय लोगों ने दिल्ली के उपराज्यपाल (LG) और नगर निगम के आला अधिकारियों से इस ड्रेनेज संकट का स्थायी समाधान निकालने की मांग की है।
(Gopal Chandra Agarwal, Editor) (Editor, Allrights Magazine)

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