नाथ संप्रदाय की प्राचीन परंपरा के अनुरूप आज श्री गोरखनाथ मंदिर में विधि-विधान से महानिशा पूजन, हवन एवं आरती की।
ॐ जयन्ती मङ्गला काली भद्रकाली कपालिनी।
दुर्गा क्षमा शिवा धात्री स्वाहा स्वधा नमोऽस्तु ते॥
नाथ संप्रदाय की प्राचीन परंपरा के अनुरूप आज श्री गोरखनाथ मंदिर में विधि-विधान से महानिशा पूजन, हवन एवं आरती की।

आदिशक्ति माँ भगवती की कृपा से समाज में धर्मनिष्ठा, सद्भाव और सेवा के भाव सुदृढ़ हों। सभी के जीवन में सुख-शांति एवं समृद्धि का संचार हो और राष्ट्र की आध्यात्मिक चेतना निरंतर जागृत रहे, यही प्रार्थना है।

जय जगदम्बे!
