कैबिनेट का तोहफा: नई रेल लाइन मंजूर
आंध्र प्रदेश और कर्नाटक के बीच कनेक्टिविटी होगी मजबूत: कैबिनेट ने बल्लारी-गुंटकल रेल लाइन परियोजना को दी हरी झंडी, 3 केमिकल पार्क को भी मंजूरी
रिपोर्ट: सोनू कुमार (पत्रकार)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडल समिति (CCEA) ने देश के बुनियादी ढांचे (इन्फ्रास्ट्रक्चर) और औद्योगिक विकास को रफ्तार देने के लिए दो बड़े और महत्वपूर्ण फैसलों पर अपनी मुहर लगा दी है।
कैबिनेट ने कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के बीच रेल संपर्क बेहतर करने के लिए बल्लारी-गुंटकल खंड (Ballari-Guntakal Section) की तीसरी और चौथी रेल लाइन परियोजना को मंजूरी देने के साथ-साथ देश में तीन समर्पित केमिकल पार्क स्थापित करने की योजना को भी स्वीकृति प्रदान की है।
बल्लारी-गुंटकल रेल परियोजना: मुख्य बिंदु
नई दिल्ली में मीडिया को संबोधित करते हुए केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने परियोजना की जानकारी साझा की:
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कुल लागत: इस परियोजना के निर्माण पर कुल ₹1,264 करोड़ की लागत आएगी।
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नेटवर्क विस्तार: इससे भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 46 किलोमीटर की अतिरिक्त वृद्धि होगी।
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लाभार्थी क्षेत्र: यह बहु-मार्गीय परियोजना कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के 3 जिलों के लगभग 99 गांवों को जोड़ेगी, जिससे करीब 7 लाख आबादी को सीधा फायदा मिलेगा।
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पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान: यह परियोजना ‘प्रधानमंत्री गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान’ के तहत तैयार की गई है, जिसका उद्देश्य एकीकृत योजना के माध्यम से लॉजिस्टिक दक्षता बढ़ाना और माल व यात्रियों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करना है।
देश में स्थापित होंगे 3 समर्पित केमिकल पार्क: ‘भव्य-रसायन योजना’ को मंजूरी
इसके साथ ही, कैबिनेट ने देश के रसायन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए ‘भारत औद्योगिक विकास योजना रसायन’ (भव्य-रसायन योजना) को भी आधिकारिक मंजूरी दे दी है:
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बजट घोषणा: इस योजना का औपचारिक ऐलान केंद्रीय बजट 2026-27 में किया गया था।
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वित्तीय आवंटन: योजना के कार्यान्वयन के लिए कुल ₹33 करोड़ का वित्तीय प्रावधान किया गया है (जिसमें बुनियादी सुविधाओं और प्रशासनिक खर्चों का समावेश है)।
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समयावधि: यह योजना वित्त वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक अगले 5 वर्षों की अवधि के लिए लागू की जाएगी।
केंद्र का अनुदान: योजना के तहत केंद्र सरकार प्रति केमिकल पार्क ₹10 करोड़ तक का अनुदान प्रदान करेगी, बशर्ते संबंधित राज्य सरकार द्वारा कम से कम ₹500 करोड़ का योगदान दिया जाए।
सीनियर एडिटर गोपाल चन्द्र अग्रवाल,
ALL rights magazine (डिजिटल न्यूज़ नेटवर्क)
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