बरेली: क्योलड़िया में घर में मारपीट

क्योलड़िया: पुरानी रंजिश में घर में घुसकर मारपीट, पीड़ित परिवार ने एसएसपी से मांगी सुरक्षा

बरेली: जनपद के थाना क्योलड़िया क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां पुरानी रंजिश के चलते एक दबंग परिवार ने घर में घुसकर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में महिलाओं सहित परिवार के सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। स्थानीय पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई न किए जाने से क्षुब्ध पीड़ित परिवार ने शनिवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) कार्यालय पहुंचकर न्याय और सुरक्षा की गुहार लगाई है।

क्या है पूरा मामला?

थाना क्योलड़िया क्षेत्र के ग्राम जगतपुर की रहने वाली गीता देवी (पत्नी सूरजपाल) ने एसएसपी को सौंपे प्रार्थना पत्र में गांव के ही ओमकार (पुत्र डालचन्द्र) और सुखलाल (पुत्र ओमकार) पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

पीड़ित सूरजपाल ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया:

  • धारदार हथियारों से हमला: 1 जुलाई 2026 की रात करीब 8:30 बजे आरोपी ओमकार और सुखलाल हाथ में लाठी-डंडा और बाका (धारदार हथियार) लेकर अचानक उनके घर में घुस आए।

  • महिला को आए 7 टांके: आरोपियों ने घर में घुसते ही गाली-गलौज शुरू कर दी और विरोध करने पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले में ओमकार के वार से गीता देवी के हाथ में गंभीर चोट आई, जिसके बाद अस्पताल में उनके हाथ पर 7 टांके लगाने पड़े।

  • अन्य सदस्य भी घायल: इस मारपीट में परिवार की एक अन्य सदस्य पुष्पा देवी भी गंभीर रूप से घायल हो गईं। जब शोर-शराबा सुनकर आस-पास के लोग इकट्ठा होने लगे, तो आरोपी पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए।

क्योलड़िया पुलिस की सुस्ती पर उठे सवाल

पीड़ित परिवार का आरोप है कि इस भयानक वारदात के तुरंत बाद उन्होंने थाना क्योलड़िया में लिखित तहरीर दी थी। पुलिस ने औपचारिकता निभाते हुए दोनों पक्षों का मेडिकल परीक्षण तो करा दिया, लेकिन घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी आरोपियों के खिलाफ कोई प्रभावी कानूनी कार्रवाई नहीं की गई। पुलिसिया ढुलमुल रवैये के कारण आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं, जिससे पीड़ित परिवार गहरे डर और साये में जीने को मजबूर है।

एसएसपी से निष्पक्ष जांच और मुकदमे की मांग

स्थानीय स्तर पर सुनवाई न होने से परेशान होकर पीड़िता गीता देवी और उनके पति सूरजपाल शनिवार को बरेली एसएसपी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने आला अधिकारियों को शिकायती पत्र सौंपकर मांग की है कि:

  • इस पूरे मामले की निष्पक्ष और त्वरित जांच कराई जाए।

  • नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें तत्काल गिरफ्तार किया जाए।

  • पीड़ित परिवार को सुरक्षा दी जाए ताकि भविष्य में कोई अप्रिय घटना न घट सके।


 

रिपोर्ट: अमरजीत सिंह, बरेली

(गोपाल चन्द्र अग्रवाल,संपादक)

 (एडिटर (Allrights Magazine)


बरेली: शकील अहमद लीगल एडवाइजर!

https://wp.me/p9lpiM-OB1मजदूरों के लिए नई मुआवज़ा नीति जल्दvV

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

%d bloggers like this: