जब रील और रियल हीरोज़ एक मंच पर आए- ‘ज़ी संवाद विद रियल हीरोज़ 2026’ ने रच दिया प्रेरणा का इतिहास
मुंबई, जब किसी मंच पर सिनेमा की चमक, खेल की जज़्बा, समाज सेवा की करुणा और राष्ट्र निर्माण की दूरदृष्टि एक साथ मिल जाए, तो वह आयोजन सिर्फ़ एक समारोह नहीं, बल्कि एक आंदोलन बन जाता है। मुंबई में आयोजित ‘ज़ी संवाद विद रियल हीरोज़ 2026’ का चौथा संस्करण कुछ ऐसा ही प्रेरणादायी अनुभव लेकर सामने आया, जहाँ उन व्यक्तित्वों को सम्मानित किया गया जिन्होंने अपने कार्यों से समाज को दिशा, संवेदना और साहस दिया है।
ज़ी मीडिया द्वारा आयोजित ‘ज़ी संवाद विद रियल हीरोज़ 2026’ एक ऐसा प्रतिष्ठित मंच बनकर उभरा है, जहाँ देश के वास्तविक नायकों—रील और रियल दोनों—को उनके असाधारण योगदान के लिए सम्मानित किया जाता है। इस भव्य आयोजन में फ़िल्म अभिनेता सोनू सूद, करीना कपूर, अदा शर्मा, मोना सिंह, पलक मुछाल, संगीतकार मिथुन, अभिनेता अहान शेट्टी, निर्देशक मधुर भंडारकर, निधि दत्ता, योगगुरु बाबा रामदेव, ईशा कोपिकर, श्री नितेश राणे, श्री कृपाशंकर सिंह सहित खेल जगत के दिग्गज, वरिष्ठ राजनेता, नीति-निर्माता और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने वाले चेंजमेकर्स को सम्मानित किया गया।
यह आयोजन सिर्फ़ पुरस्कार वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह एक ऐसा संवाद बना जिसने राष्ट्र निर्माण, सामाजिक ज़िम्मेदारी और भविष्य की संभावनाओं पर गहन विमर्श को जन्म दिया। सिनेमा, खेल, शासन, सामाजिक नेतृत्व और नवाचार से जुड़े प्रभावशाली व्यक्तित्वों की एकजुट उपस्थिति ने यह स्पष्ट कर दिया कि बदलाव की असली ताक़त सहयोग और संकल्प में निहित है।
ZEE संवाद विद रियल हीरोज़ ज़ी मीडिया की एक प्रमुख और दूरदर्शी पहल है, जो अंतरिक्ष अनुसंधान, स्वास्थ्य सेवा, व्यापार नेतृत्व, आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस, विमानन, पर्वतारोहण, फिनटेक, समाज कल्याण, संगीत, सिनेमा और खेल जैसे विविध क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान को पहचान देती है। इसके साथ ही क्रिकेट और पैरा-स्पोर्ट्स में असाधारण उपलब्धियाँ हासिल करने वाले नायकों को विशेष सम्मान देकर उनकी प्रेरक यात्राओं को राष्ट्रीय मंच पर उजागर किया जाता है।
इस मंच की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहाँ सम्मान केवल व्यक्तिगत सफलता का नहीं, बल्कि उस सोच और कर्म का होता है जो समाज में स्थायी और सकारात्मक परिवर्तन लाने की क्षमता रखता है। ‘ज़ी संवाद विद रियल हीरोज़ 2026’ ने एक बार फिर यह साबित किया कि असली नायक वही हैं, जो अपने कार्यों से उम्मीद जगाते हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए रास्ते रोशन करते हैं।
रिपोर्ट: अनिल बेदाग,
मुंबई,
गोपाल चन्द्र अग्रवाल,
सीनियर एडिटर (आल राइट्स मैगज़ीन )
अक्षय कुमार की ‘भूत बंगला’ 10 अप्रैल को सिनेमाघरों में धूम मचाने को तैयार

