मुजफ्फरपुर अग्निकांड घायलों से मिले मंत्री
बिहार: मुजफ्फरपुर अग्निकांड: दिल्ली दौरा छोड़ पटना लौटे स्वास्थ्य मंत्री निशांत, मेदांता में घायलों से मिले
(पटना): बिहार के मुजफ्फरपुर में एक निजी अस्पताल में हुए भीषण अग्निकांड के बाद राज्य सरकार पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है. सूबे के स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने इस हादसे की गंभीरता को देखते हुए अपना दिल्ली दौरा बीच में ही रद्द कर दिया और गुरुवार (04 जून 2026) को सीधे पटना वापस लौट आए. पटना पहुंचते ही वे स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि के साथ जयप्रभा मेदांता अस्पताल गए और वहाँ भर्ती तीन घायलों की स्थिति का जायजा लिया [cite: गुरुवार को पटना लौटते ही वे स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि के साथ जयप्रभा मेदांता अस्पताल पहुंचे और भर्ती 3 घायलों का हाल जाना।].
इलाज का पूरा खर्च उठाएगी बिहार सरकार
अस्पताल में घायलों और उनके परिजनों से मुलाकात के दौरान स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं और उन्हें ढांढस बंधाया:
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आर्थिक चिंता से मुक्ति: स्वास्थ्य मंत्री ने स्पष्ट तौर पर घोषणा की कि मुजफ्फरपुर अग्निकांड में घायल हुए सभी मरीजों के इलाज का पूरा और संपूर्ण खर्च बिहार सरकार द्वारा वहन किया जाएगा.
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संवेदनशीलता के साथ खड़ी है सरकार: उन्होंने परिजनों को आश्वस्त करते हुए कहा, “राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ इस संकट की घड़ी में घायलों के साथ खड़ी है। हम किसी भी मरीज या उनके परिवार को इलाज के लिए आर्थिक रूप से परेशान नहीं होने देंगे”
अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों को सख्त निर्देश
मरीजों को उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए स्वास्थ्य मंत्री ने मौके पर ही अधिकारियों और डॉक्टरों को कड़े दिशा-निर्देश जारी किए:
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सर्वोत्तम इलाज के निर्देश: मंत्री ने मेदांता अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों को निर्देशित किया कि घायलों को सर्वोत्तम और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा दी जाए और उनके उपचार में किसी भी स्तर पर कोई कोताही या कमी न बरती जाए.
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हेल्थ रिपोर्ट की समीक्षा: उन्होंने डॉक्टरों से प्रत्येक घायल मरीज की विस्तृत हेल्थ रिपोर्ट (स्वास्थ्य रिपोर्ट) ली और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को इलाज से जुड़ी तमाम व्यवस्थाओं की लगातार और तत्परता से निगरानी करने के आदेश दिए.
स्वास्थ्य मंत्री ने अंत में दोहराया कि सरकार की सबसे पहली और बड़ी प्राथमिकता इस हादसे से प्रभावित हुए हर एक मरीज की जान बचाना और उन्हें समय पर उचित स्वास्थ्य लाभ पहुंचाना है.
रिपोर्ट: नरेश अग्रवाल, पटना (बिहार)
(गोपाल चन्द्र अग्रवाल,संपादक)
एडिटर (Allrights Magazine)

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