जिला पदाधिकारी ने की लोक शिकायत निवारण की समीक्षा, लंबित मामलों को शीघ्र निष्पादित करने का सख्त निर्देश
आज दिनांक 27.01.2026 को समाहरणालय स्थित मंथन सभागार में जिला पदाधिकारी श्री शेखर आनंद की अध्यक्षता में जिला एवं अनुमंडल लोक शिकायत निवारण के लंबित मामलों को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना और विभिन्न विभागों में अटके आवेदनों की वर्तमान स्थिति की जांच करना था। समीक्षा बैठक में जिला प्रशासन के तमाम आला अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से शामिल थे।
* प्रभारी अनुमंडल पदाधिकारी (SDO)
* जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी
* अनुमंडल लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी
* जिला भू-अर्जन पदाधिकारी एवं जिला परिवहन पदाधिकारी
* सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO)
* सभी नगर कार्यपालक पदाधिकारी
इन प्रमुख मुद्दों पर हुई विस्तृत चर्चा
जिला पदाधिकारी ने विभागवार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार समस्या को यथाशीघ्र निष्पादन करेंगे । उक्त बैठक में भूमि एवं राजस्व: जमीन अतिक्रमण, दाखिल-खारिज और सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे से जुड़े मामलों पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए उन्हें जल्द सुलझाने को कहा। पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित करने, नाली-गली के लंबित कार्यों और जल निकासी की समस्या को प्राथमिकता के आधार पर दूर करने का निर्देश दिया गया।
सामाजिक सुरक्षा व अन्य: सड़क दुर्घटना मुआवजा वितरण में तेजी लाने, बिजली विभाग से जुड़ी समस्याओं और पेंशन योजनाओं के लाभुकों के लंबित आवेदनों को अविलंब निष्पादित करने की बात कही गई।
जिलाधिकारी महोदय ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम के तहत प्राप्त आवेदनों को समय सीमा के भीतर निपटाएं। उन्होंने कहा कि शिकायतों का निवारण केवल कागजों पर नहीं, बल्कि धरातल पर दिखना चाहिए ताकि आम नागरिकों को सरकारी व्यवस्था का लाभ सुलभता से मिल सके। जिला प्रशासन द्वारा इस तरह की नियमित बैठकों का उद्देश्य शासन और जनता के बीच की दूरी को कम करना और पारदर्शिता लाना है।
रिपोर्ट, सोनू कुमार पत्रकार
बिहार
गोपाल चन्द्र अग्रवाल
सीनियर एडिटर (आल राइट्स मैगज़ीन )
