बरेली। चंद्रग्रहण के चलते विश्व प्रसिद्ध 166वीं होली वाली रामलीला के अंतर्गत निकलने वाली राम बारात की तिथि में बदलाव किया गया है।
बरेली। चंद्रग्रहण के चलते विश्व प्रसिद्ध 166वीं होली वाली रामलीला के अंतर्गत निकलने वाली राम बारात की तिथि में बदलाव किया गया है। अब यह राम बारात होली के दिन 3 मार्च की बजाय 2 मार्च को निकाली जाएगी। यह निर्णय विद्वान पंडितों से परामर्श के बाद सर्वसम्मति से लिया गया।
इस संबंध में एक महत्वपूर्ण बैठक पार्षद सर्वेश सरस्तोगी के कार्यालय पर आयोजित हुई, जिसकी अध्यक्षता पंडित महेश चंद शर्मा ने की। बैठक में रामलीला कमेटी के पदाधिकारी और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कमेटी के प्रवक्ता विशाल मेहरोत्रा ने बताया कि 3 मार्च को पड़ रहे चंद्रग्रहण को देखते हुए धार्मिक नियमों और सनातन परंपराओं के अनुसार यह निर्णय आवश्यक था। विद्वानों के अनुसार ग्रहण का सूतक प्रातः 9:39 बजे से शुरू हो जाएगा, जबकि ग्रहण दोपहर 2:15 बजे से शाम 6:46 बजे तक रहेगा। इस दौरान भगवान का स्पर्श, भोग और आरती वर्जित मानी जाती है।
रामलीला अध्यक्ष राजू मिश्रा ने बताया कि परंपरा और धार्मिक मर्यादाओं को ध्यान में रखते हुए कमेटी ने सर्वसम्मति से राम बारात 2 मार्च को निकालने का निर्णय लिया है, ताकि श्रद्धालुओं की आस्था और शास्त्रीय नियमों का पूर्ण पालन हो सके।
अध्यक्षता कर रहे पंडित महेश शर्मा ने कहा कि यह परंपरा सदियों पुरानी है और यदि सनातन समाज स्वयं अपने नियमों का पालन नहीं करेगा तो समाज को सही संदेश नहीं जाएगा। ग्रहण से जुड़े नियमों का पालन करना प्रत्येक सनातनी का कर्तव्य है।
महामंत्री सुनील रस्तोगी और राजकुमार गुप्ता ने बताया कि संशोधित कार्यक्रम के अनुसार सभी आयोजन तय कर लिए गए हैं और इसकी सूचना प्रशासन को पत्र के माध्यम से दी जाएगी। उन्होंने बताया कि दुल्हारी पर निकलने वाली भगवान श्री नरसिंह की यात्रा 4 मार्च को निकाली जाएगी।
वहीं, संरक्षक सर्वेश रस्तोगी ने जानकारी दी कि 3 मार्च को चंद्रग्रहण समाप्त होने के बाद भगवान के पारंपरिक स्वरूपों के साथ आरती, पूजन और कीर्तन का आयोजन किया जाएगा।
बैठक में विशाल मेहरोत्रा, सर्वेश रस्तोगी, राजू मिश्रा, सुनील रस्तोगी, राजकुमार गुप्ता, सतेंद्र पांडेय, लवलीन कपूर, नीरज रस्तोगी, अखिलेश अग्रवाल, बॉबी रस्तोगी, दिनेश दद्दा, कमल टंडन, संजू गुप्ता, अभिषेक गौड़, दीपेंद्र वर्मा सहित अनेक लोग मौजूद रहे।
बरेली से रोहिताश कुमार भास्कर
बरेली! देश में राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की धीमी प्रगति को लेकर गंभीर स्थिति सामने आई है।
